यही बहार है दुनीया को भुल जाने की खुशी मनानेकी| ये प्यारे प्यारे नजारे, ये ठंडी ठंडी हवा, ये हल्का हल्का नशा, ये कोयलोंकी सदा, निकलके आ गयी रुत मस्तीयां लुटानेकी खुषी मनानेकी||
Friday, March 9, 2007
Saturday, February 3, 2007
Saptasur - Saat Suro Ke Saat Hai Zhule
Friday, February 2, 2007
Thursday, February 1, 2007
Subscribe to:
Posts (Atom)
